बनारस के मिडविन हाॅस्पिटल में कोविड-19 के उपचार की मान्यता रद्द, कोर्ट द्वारा......

कोर्ट द्वारा जवाब-तलब किये जाने के बाद मुख्य चिकित्साधिकारी ने की बड़ी कार्रवाई



जनसंदेश न्यूज़

वाराणसी। शहर के मैदागिन में स्थित मैडमिन हाॅस्पिटल के खिलाफ लगातार मिल रही शिकायत के दृष्टिगत जिला प्रशासन ने कड़ा रूख अख्तियार किया है। मुख्य चिकित्साधिकारी वाराणसी ने उक्त अस्पताल में कोरोना उपचार की अनुमति को रद्द कर दिया है। इसके साथ ही हाॅस्पिटल को चेताया कि अगर भविष्य में अवैध वसूली की शिकायत मिली तो हाॅस्पिटल के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई की जायेगी। 

आपको बता दें कि वाराणसी के व्यवसायी आनंद मिश्रा द्वारा मिडवीन हॉस्पिटल, मैदागिन वाराणसी के विरुद्ध चिकित्सा में लापरवाही तथा मनमाने ढंग से कोरोना महामारी के नाम पर अवैध वसूली के विरुद्ध उच्च न्यायालय इलाहाबाद जनहित याचिका दाखिल की गई थी। जिसके संबंध में कोर्ट ने मुख्य चिकित्साधिकारी वाराणसी से इस संबंध में जवाब तलब किया था।

उच्च न्यायालय के कड़े रुख को देखते हुए मुख्य चिकित्साधिकारी वाराणसी ने मिडवीन हॉस्पिटल के खिलाफ सभी शिकायतों को प्रथम दृष्टया सही पाते हुए कड़ी कार्रवाई की है। जिसमें उक्त अस्पताल में कोरोना उपचार की अनुमति रद्द करने की कार्रवाई की गई है। इसके साथ ही हाॅस्पिटल प्रबंधन को कड़ी फटकार भी लगाई गई है। 

मुख्य चिकित्साधिकारी ने भविष्य में अवैध वसूली के विरुद्ध अलग से अभियोजन को सामना करने की चेतावनी भी दे डाली है। मुख्य चिकित्साधिकारी वाराणसी द्वारा जारी पत्र दिनांकित 10 एवं 11 दिसंबर 2020 को देखते हुए कहा जा रहा है कि आने वाले दिनों में हॉस्पिटल प्रशासन की कानूनी मुश्किलें बढ़ सकती हैं और जिला प्रशासन अपनी साख बचाने के लिए हॉस्पिटल पर शिकंजा कस सकता है।


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