चंदौली में कोरोना से दरोगा की मौत के बाद कोतवाली का गेट बंद! जांच के लिए गया 87 लोगों का सैंपल

स्वास्थ्य टीम ने कोतवाली पहुंचकर लिए पुलिस वालों के नमूने 

जनसंदेश न्यूज़


चंदौली। रेडियो विभाग में तैनात दरोगा की मौत व उसके कोरोना पाजिटिव होने की पुष्टि से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। शनिवार को सदर कोतवाली के मुख्य द्वार को बंद कर दिया, ताकि किसी बाहरी व्यक्ति के प्रवेश को रोका जाए। साथ ही संक्रमित दरोगा के सम्पर्क में आए 37 पुलिस कर्मियों समेत कुल 87 नमूने कोतवाली से जांच के लिए भेजे गए। पूरे दिन कोतवाली में तैनात कर्मचारी व अफसर भयभीय व तनाव में दिखे। कोतवाल गोपाल जी गुप्ता ने अपनी निगरानी में कर्मचारियों की जांच कराई और सभी को सोशल डिस्टेंस के नियमों के पालन की हिदायत भी दी। 
दरअसल सदर कोतवाली के कार्यालय भवन के प्रथम तल पर पुलिस महकमे का रेडियो विभाग है, जहां तैनात दरोगा बीते कुछ दिनों पूर्व अस्वस्थ हुए तो उन्होंने छुट्टी ली और वाराणसी के बीएचयू में अपना ईलाज कराने लगे। इसी बीच बीते 19 जून को उनकी उपचार के दौरान मौत हो गयी। कुछ ही घंटों में उनके कोरोना पाजिटिव होने की पुष्टि हुई तो सदर कोतवाली व रेडियो विभाग में तैनात पुलिस वालों में हड़कंप मच गया। शनिवार की सुबह कोतवाली परिसर को एक तरह से पुलिस वालों ने स्वतः सील कर दिया। मुख्य गेट तक बंद कर दिए गए, ताकि किसी बाहरी व्यक्ति की कोतवाली में आवक न हो। इसके बाद चिकित्सकीय दल कोतवाली पहुंचा। इसके बाद मृत दरोगा के सम्पर्क में आए पुलिस वालों ने एक-एक कर अपना पंजीयन कराना और जांच के लिए नमूने दिए। 


 



इस दौरान कोविड-19 संक्रमण को लेकर पुलिस वालों के चेहरे पर भय व तनाव साफ झलक रहा था। पूरे कोतवाली परिसर का माहौल आम दिनों की अपेक्षा पूरी तरह से बदला हुआ था। पुलिस वाले अपने सभी जरूरी कामकाज को रोककर अपने चेकअप के लिए आगे आए और ताकि कोरोना संक्रमण को लेकर उनके मन में बैठा डर दूर हो सके। सैम्पलिंग की कार्यवाही शाम तक चली। नोडल अफसर डा. डीके सिंह ने बताया कि चंदौली कोतवाली से 87 नमूने एकत्रित किए गए हैं, जबकि जांच के लिए कुल 227 नमूनों को बीएचयू भेजा गया है।


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