ससुराल के दरवाजे पर धरने पर बैठी विवाहिता, फोन कर एसएसपी से की शिकायत, उसके बाद पहुंची पुलिस तो......
जनसंदेश न्यूज़
सेवापुरी। कपसेठी थाना क्षेत्र के मधुमक्खीया गांव में बुधवार को प्रीति तिवारी नामक एक विवाहिता ससुराल में मुख्य दरवाजे के सामने धरने पर बैठ गई है। घटना की जानकारी मिलते ही कपसेठी पुलिस मौके पर पहुंची। लगभग 4 घंटे के बाद दरवाजा खुलवा कर विवाहिता को घर के अंदर भेजवाया।
बताया जाता है कि कुड़ी गांव निवासी अशोक पाठक की पुत्री प्रीती पाठक की शादी कपसेठी थाना क्षेत्र के मधुमक्खियां गांव निवासी दीनदयाल तिवारी पुत्र दिनेश तिवारी के साथ 1 वर्ष पहले हुई थी। शादी के बाद से लगभग 6 महीने तक वह अपने ससुराल में रही। इसके बाद पति ने उसे मायके भेज दिया और यह कहा कि 3 महीने बाद पुनः तुमको बुलाएंगे। 3 महीने बीतने के बाद भी जब उसे नहीं बुलाया तो उसने ससुरालीजनों के यहां फोन करना शुरू किया। टेलीफोन पर बुलाने की बात कही जाने लगी।
इस बीच अदालत से तलाक की नोटिस भेज दी गई। नोटिस पाने के बाद जब प्रीति तिवारी ने सास शकुंतला तिवारी, ससुर दिनेश तिवारी और पति दीनदयाल तिवारी से बात की तो उन्होंने कहा कि तुम हमारे घर में रहने के काबिल नहीं हो। इससे नाराज प्रीति तिवारी आज अपने भाई और परिवार के साथ सीधे मधुमक्खियां गांव पहुंची। उसे देखते ही ससुराल वालों ने मुख्य दरवाजा बंद कर दिया और कहा कि तुमको यहां नहीं रहना है।
इसके बाद प्रीति तिवारी मुख्य दरवाजे के पास धरने पर बैठ गई। उसका कहना है कि मैं कहीं नहीं जाऊंगी, मर जाऊंगी लेकिन यहां से जाऊंगी नहीं हंटूगी। घटना की जानकारी उसने खुद वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों को दी। सूचना मिलते ही कपसेठी पुलिस मौके पर पहुंची और समझा-बुझाकर मुख्य दरवाजा खुलवाने के बाद प्रीति तिवारी को अंदर कर दिया।
इस संबंध में प्रीति तिवारी का कहना है कि यह मेरी दूसरी शादी है। इसके पहले जिस लड़की से शादी दीनदयाल तिवारी की हुई थी। उसके साथ भी मेरे ससुराल के लोगों ने यही किया था। इस संबंध में थानाध्यक्ष कपसेठी रमेश कुमार का कहना है कि ससुराल वालों को समझा दिया गया है। समझाने के बाद विवाहिता अब ससुराल में रहेगी।